आज़ाद

कहते हैं कि भारतवर्ष में आज़ादी की आजकल नई घटा है छायी,जब अपने ही वीर सपूतों की निंदा करने की कुछ लोगों ने है स्वतंत्रता पायी।अपने ही हाथों जिनसे मातृभूमि का गला घोंटा जाता है,उन लोगों को आजकल देश में आज़ाद कहा जाता है। रहते हैं जो उच्च दबाव में, तूफानों में, वीरानों में, शून्य… Continue reading आज़ाद

I am

I am a rusty car in your backyard, Which has lost its touch at novelty. But still it possess the mighty touch, Of the godforsaken time's cruelty.   I am the barren old tree, With one leaf just hanging still. On the wild land of rocky slope, Which has never known of care and till.… Continue reading I am